वाराणसी में छात्र की माैत मामले में पुलिस की तरफ्तीश आज भी जारी है। पुलिस की निगरानी में दोस्त शशांक ने कई अहम बातें बताई हैं। दूसरी तरफ, मृतक के पिता को न्याय दिलाने के लिए तमाम संगठन धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं।
Varanasi Crime: हेमंत सिंह की मौत के मामले में दोस्त शशांक सिंह को पुलिस ने अपनी निगरानी में रखा है। घटनाक्रम के बारे में शशांक ने पुलिस को जानकारी दी। बताया कि हेमंत ने कहा था...मुझे कुत्तों की तरह जिंदगी नहीं जीनी है। इसके बाद गोली मार ली थी।
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शशांक ने बताया कि घटना वाले दिन दोस्त हेमंत सिंह खाना खा रहा था। स्कूल के असिस्टेंट प्रबंधक रवि सिंह का फोन आया। मैं और परमानंदपुर निवासी किशन उनके साथ थे। हेमंत सिंह के साथ हम लोग ज्ञानदीप इंग्लिश स्कूल गए।
रवि सिंह गैराज में बने एक कमरे में ले गए और समझाने लगे कि मेरे भी जीवन में ऐसा हुआ था। मैं धीरे-धीरे करके सुधर गया। आप भी सुधर जाओ और उस लड़की का साथ छोड़ दो। हेमंत सिंह ने कहा कि मुझे कुत्तों की जिंदगी नहीं जीनी है। मैं खुद को गोली मार लूंगा।
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रवि सिंह ने अपने ड्राइवर से पिस्टल मंगवाकर दे दी। हेमंत अपनी कनपटी पर पिस्टल लगा ली। शशांक को लगा कि शायद पिस्टल खाली होगी। हेमंत सिंह ने अपने कनपटी पर पिस्टल लगाकर ट्रिगर दबा दी। रवि सिंह ने कहा कि अस्पताल ले जाओ। हेमंत को सिंह मेडिकल ले गए, जहां चिकित्सकों ने बीएचयू के ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया। ट्रामा सेंटर पहुंचने के बाद घायल हेमंत सिंह को मृत घोषित कर दिया गया।