उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुपालन में सुनवाई की जा रही है जिसे विलंबित किया जा रहा है। कोर्ट ने सिर्फ दो दिन का मौका देते हुए अंजुमन पर 500 रुपये का हर्जाना लगाया और सुनवाई की तिथि 22 अगस्त नियत कर दी। अदालत में अंजुमन इंतजामिया की तरफ से हिंदू पक्ष की दलीलों पर जवाबी बहस अंजुमन इंतजामिया मसाजिद को करनी है।
राखी सिंह समेत 5 महिलाओं ने ज्ञानवापी स्थित शृंगार गौरी और अन्य देव विग्रहों के दर्शन की अनुमति मांगी है। जिस पर अंजुमन की आपत्ति पर वाद सुनवाई योग्य है या नहीं, इसी मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर सीपीसी ऑर्डर 7 रूल 11 के तहत जिला जज की अदालत सुनवाई कर रही है।