उत्तर प्रदेश के राज्यपाल राम नाईक ने कहा कि समाजवादी विचारधारा देश की पूंजी है न कि समाजवादी पार्टी या उसके परिवार की। वे गुरुवार को मझवारा में राजकुमारी शिक्षण संस्थान में समाजवादी चिंतक और साहित्यकार रामकमल राय और उनकी पत्नी राजकुमारी राय की प्रतिमा के अनावरण समारोह में बतौर मुख्य अतिथि बोल रहे थे।
इस मौके पर उन्होंने राजकमल राय की पुस्तक ‘सृजन एवं सरोकार’ का विमोचन भी किया। कहा कि उत्तर प्रदेश के लोग अपने परिश्रम से यूपी को उत्तम ही नहीं सर्वोत्तम प्रदेश बना सकते हैं। राज्यपाल नाईक ने कहा कि राजकमल राय की पुस्तक समाजवादी विचारधारा पर आधारित हैं। इसके बारे में हमने भी अध्ययन किया है।
इस धारा के लोगों के साथ हमने भी कार्य किया है। मुंबई में मेरा एक्सीडेंट हुआ तो राज नारायण हमें देखने अस्पताल पहुंचे थे। उनके साथ काम करने का अलग ही आनंद था। डा. लोहिया से लेकर समाजवादी विचारधारा के अनेक लोगों से अच्छे संबंध रहे। यह विचारधारा देश की पूंजी है न कि समाजवादी पार्टी या उसके परिवार की।
कहा कि वे तीन बार विधायक एवं पांच बार सांसद रहे। इस दौरान उन्हें मुंबई में रहने वाले उत्तर भारतीयों का काफी सहयोग मिला। यहां के लोगों ने अपने कठिन परिश्रम से मुंबई को विकसित किया। अगर ये मुंबई की तरह ही अपने गांव में काम करें, तो वह अपने गांव को भी मुंबई बना सकते हैं।
कहा कि देश में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एवं प्रदेश में मुख्यमंत्री आदित्यनाथ योगी अच्छा कार्य कर रहे हैं और देश में बदलाव महसूस किया जा रहा है। रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा ने कहा कि राजकमल राय समाजवादी विचारधारा के चिंतक एवं साहित्यकार थे।
जिस इलाहाबाद को धर्मवीर भारती ने अपनी पुस्तक में हरामियों का शहर लिखा राजकमल राय ने उसी शहर को अपनाया। महिला कल्याण, मातृ शिशु कल्याण मंत्री रीता बहुगुणा जोशी ने कहा की रामकमल से हम लोगों का जुड़ाव बहुत ही पुराना है।
उनकी प्रेरणा जीवन के हर क्षेत्र में मिली है। कार्यक्रम को राज्य मंत्री महेंद्र सिंह, प्रभारी मंत्री नंदगोपाल नंदी, राज्यमंत्री उपेंद्र तिवारी, पूर्व राज्यमंत्री उत्पल राय आदि ने संबोधित किए। इस दौरान सांसद हरिनारायण राजभर, विधायक फागू चौहान आदि शामिल रहे।