अपनी मांगों को लेकर कई दिनों से आंदोलन कर रहीं आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का गुस्सा सोमवार को फूट पड़ा। हरहुआ, आराजीलाइन, काशी विद्यापीठ और चोलापुर ब्लॉक में कार्यकर्ताओं ने कार्यालयों में ताले जड़ दिए और धरना देकर अपने हक की आवाज बुलंद की।
हरहुआ विकास खंड के अहिरौली स्थित स्थित बाल विकास परियोजना कार्यालय पर कार्यकर्ताओं ने सुबह ताला बंद कर दिया और बाहर धरने पर बैठकर दिन भर नारेबाजी की। इस दौरान प्रभारी सीडीपीओ इंदू यादव से कार्यकर्ताओं की झड़प भी हुई। धरने का नेतृत्व कर रहीं संगठन की ब्लॉक अध्यक्ष रीता सिंह ने कहा कि हम अपना हक लेकर मानेंगे। इसके लिए हम जेल जाने के लिए भी तैयार हैं। धरने में शिप्रा सिंह, निर्मला सिंह, आशा गौतम, कंचन त्रिपाठी, पुष्पलता, ज्योति, जाहिदा बेगम और निशा त्रिपाठी आदि शामिल थीं।
लोहता संवाददाता के अनुसार आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने काशी विद्यापीठ ब्लॉक के गेट पर तालाबंदी करने के साथ ही धरना प्रदर्शन किया। नेतृत्व सबीना परवीन ने किया। प्रदर्शन में पुष्पा, आशा, माधुरी, वीनू आनंद और खुशबू आदि शामिल रहीं।
रोहनिया संवाददाता के अनुसार आराजीलाइन विकास खंड के बाल विकास परियोजना कार्यालय पर कार्यकर्ताओं ने धरना देकर आवाज बुलंद की। उन्होंने सरकार और प्रशासन पर उत्पीड़न का आरोप लगाया और पिछले दिनों बर्खास्त की गईं कार्यकर्ताओं को बहाल करने की मांग उठाई। एलान किया कि मंगलवार को जिला मुख्यालय का घेराव और बुधवार को वरुणा नदी के शास्त्री घाट व्यापक प्रदर्शन किया जाएगा। धरने में ऊषा सिंह, कल्पना सिंह, प्रतिमा तिवारी, रीना सिंह, सुषमा पांडेय, ममता जायसवाल, नीलम सिंह और संगीता देवी शामिल थीं। दानगंज संवाददाता के अनुसार चोलापुर ब्लॉक में भी धरना प्रदर्शन किया जिसमें रानी सिंह, उषा सिंह, सुषमा सिंह, पद्मा और कुसुम आदि शामिल थीं।