विद्युत विभाग की लापरवाही के चलते चोलापुर ब्लाक के 30 गांवों के लोग दो हफ्ते से बिजली-पानी के संकट से जूझ रहे हैं। धरसौना उपकेंद्र का ट्रांसफार्मर जलने से यह समस्या उत्पन्न हुई थी लेकिन विभाग ने इतने दिनों के बाद भी समस्या का निराकरण नहीं किया।
धरसौना उपकेंद्र का 10 केवीए का ट्रांसफार्मर पिछले 15 दिन में दो बाद जल चुका है। पहली बार जलने के एक हफ्ते बाद ट्रांसफार्मर बदला गया। तीन दिन भी नहीं बीते थे कि नया ट्रांसफार्मर फिर से जल गया। इस तरह पखवाड़े भर से नियारडीह, धरसौना, हाजीपुर, उघोरामपुर, बाबतपुर, खरदहा, कटारी, बलरामगंज, सुल्तानीपुर, जगदीशपुर, मुरली, लश्करपुर, जरियारी और अजगरा समेत ढाई दर्जन गांव बिजली-पानी के लिए जूझ रहे है। बिना बिजली के गर्मी और उमस में लोगों का जीना दूभर हो रहा है वहीं, पानी की समस्या से भी जूझना पड़ रहा है। धान की रोपाई बाधित हो रही है तो इनवर्टर और मोबाइल तक नहीं चार्ज हो पा रहे। जेई मोहम्मद रजा ने बताया कि ट्रांसफार्मर आने में अभी दो दिन का समय लगेगा।
उध्ार, स्थानीय उपकेंद्र पर मंगलवार की रात करीब 12 बजे बारिश के दौरान बिजली गिरने से ट्रांसफार्मर और इनकमिंग केबिल जल गई। इसके चलते युनिवर्सिटी और छितौनी फीडर से जुड़े सौ से अधिक गांवों की आपूर्ति ठप हो गई। बुधवार को मरम्मत और ट्रांसफार्मर बदलने के बाद शाम को आपूर्ति बहाल हो पाई। इस दौरान दिन भर लोगों को बिजली और पानी के संकट से जूझना पड़ा।