विश्व की प्राचीन नगरी काशी में गंगा की मौजों पर फाइव स्टार क्रूज तैरते नजर आएंगे। दिसंबर से क्रूज सुरम्य घाटों के साथ ही रामनगर, इलाहाबाद तक पर्यटक और श्रद्धालुओं को यात्रा का अलग ही अनुभव कराएंगे। सनलाइक एग्जिम प्राइवेट लिमिटेड को केंद्र सरकार ने एनओसी दे दी है।
वहीं इनलैंड वाटरवेज अथारिटी ऑफ इंडिया संचालन में सहयोग करेगी। कंपनी ने पत्र लिखकर बनारस के डीएम सुरेंद्र सिंह को भी इसकी जानकारी दी है। कंपनी को दो फाइव स्टार क्रूज चलाने की अनुमति मिली है।
पहले क्रूज का दिसंबर तो दूसरे क्रूज का संचालन अप्रैल से शुरू होगा। क्रूज प्रतिदिन शाम को रामनगर से भैंसासुर घाट के बीच चक्कर लगाएगा। पहला मौका होगा जब क्रूज पर शादी-विवाह के साथ ही कांफ्रेंस, पार्टी आदि के आयोजन की सुविधा भी उपलब्ध होगी। इसकी क्षमता लगभग 80 लोगों की है।
प्रशासन से जेट्टी के लिए संपर्क किया जा रहा है। जेट्टी एलॉट होते ही इसका ट्रायल शुरू होगा। महाकुंभ के दौरान इलाहाबाद से वाराणसी के बीच क्रूज का संचालन किया जायेगा। इसमें संगीत और अध्यात्म से जुड़े आयोजनों की योजना भी बनाई गई है।
मैनेजिंग डायरेक्टर सूमा शाह ने बताया कि फिलहाल दो क्रूज संचालन की योजना है। भविष्य में पर्यटन विभाग के साथ ज्वाइंट वेंचर में क्रूज की संख्या बढ़ाएंगे।