सचिन ने लंका थाना प्रभारी से मामले में मुकदमा दर्ज कर अन्य कार्रवाई की मांग की है। उधर इसी छात्रावास में रहने वाले सामाजिक विज्ञान द्वितीय वर्ष के अन्य छात्रों ने भी चीफ प्रॉक्टर के माध्यम से लंका थाना प्रभारी को 10 छात्रों के खिलाफ नामजद तहरीर रॉड-डंडे से मारपीट करने, गिटार, मोबाइल, लैपटॉप तोड़ने की शिकायत कर आरोपियों पर मुकदमा दर्ज करने की मांग के साथ ही टूटे सामानों का मुआवजा दिलाने की मांग की है।
क्षतिग्रस्त लैपटॉप के साथ खड़ा छात्र
- फोटो : अमर उजाला
मूना देवी हॉस्टल में छात्र के कमरे में लैपटॉप तोड़ने और घटना के बाद अराजकत्वों के भागने का एक वीडियो भी वायरल हुआ है। एक वीडियो में जहां तोड़फोड़ करने की धुंधली तस्वीर आ रही है, वहीं दूसरे वीडियो में कुछ छात्र हॉस्टल से निकलकर तेजी से दो पहिया बाइक पर बैठकर जाते दिख रहे हैं।
उधर इस घटना को लेकर छात्रों में विश्वविद्यालय की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर नाराजगी है। उनका कहना था कि इस तरह की घटनाओं को अंजाम देने वालों पर ठोस कार्रवाई जरूरी है। जिस समय यह घटना हुई उस समय हॉस्टल के गेट पर कोई सुरक्षा कर्मी भी ड्यूटी भी नहीं था। इसी कारण अराजकतत्व बेधड़क कमरे में घुसे और घटना को अंजाम दिया।
मूना देवी हॉस्टल की घटना
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घटना की सूचना पाकर सामाजिक विज्ञान संकाय की प्रमुख प्रो. बृंदा परांजपे भी छात्रों से बातचीत करने पहुंची। उनको देखते ही छात्रों का गुस्सा और भड़क गया। उन्होंने छात्रावास में घटी इस घटना की निंदा करते हुए इसे सुरक्षा व्यवस्था में बड़ी लापरवाही बताया। कहा कि हॉस्टल में इस तरह की घटनाओं के बाद वह सुरक्षा को लेकर बहुत भयभीत है। इस बीच संकाय प्रमुख छात्रों के गुस्से को शांत कराने में लगी रहीं लेकिन छात्र आरोपी छात्रों की गिरफ्तार की मांग पर अड़े रहे।