फोटो... टोल टैक्स और चेकिंग से बचने के लिए कार पर लगाए थे विधायक का फर्जी पास, तीन का चालान
- एडीसीपी वरुणा जोन ने लहरतारा चौकी इंचार्ज से कार रुकवा कर कराई चेकिंग तो सामने आई हकीकत
माई सिटी रिपोर्टर
वाराणसी। बौलिया इलाके में बुधवार की देर रात चेकिंग के दौरान पुलिस ने विधायक का फर्जी पास लगाए हुए एक कार को पकड़ा। कार को सीज कर पुलिस ने उसमें सवार तीन लोगों का बृहस्पतिवार को शांतिभंग के आरोप में चालान किया। आरोपियों ने बताया कि टोल टैक्स और पुलिस की चेकिंग से बचने के लिए वह विधायक का फर्जी पास कार पर लगाकर घूमते थे।
एडीसीपी वरुणा जोन सरवणन टी बुधवार की रात दो बजे ड्यूटी पॉइंट्स पर पुलिस कर्मियों की चेकिंग करते हुए बौलिया इलाके में पहुंचे थे। उसी दौरान नीले रंग की एक कार आई। कार के आगे नंबर प्लेट नहीं थी और उस पर वीआईपी व विधायक लिखा हुआ पास लगा था। कार के अंदर आगे के शीशे के समीप पुलिस कैप भी रखी हुई थी। इस पर उन्होंने लहरतारा चौकी इंचार्ज पवन यादव को कार को चेक कर विधायक पास के बारे में पूछने के लिए कहा। कार चला रहा ड्राइवर पुलिस की पूछताछ में यह नहीं बता सका कि किस विधायक का पास वह कार में लगा कर घूम रहा है। कार चालक की पहचान गाजीपुर के खाजेपुर बहरियाबाद के हिमांशु रंजन के रूप में हुई। वहीं, कार सवार दो अन्य लोगों की पहचान गाजीपुर के खाजेपुर बहरियाबाद के अंकित यादव और चंदौली के सैय्यदराजा थाने के बिदहा निवासी अभिजीत कुमार के रूप में हुई।
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कार के पीछे लगी नंबर प्लेट के आधार पर उसके मालिक की पहचान भदोही के मर्यादपट्टी निवासी सुजीत जायसवाल के रूप में हुई। हिमांशु ने बताया कि वह कार सेकेंड हैंड खरीदा था। टोल टैक्स और पुलिस चेकिंग से बचने के लिए विधायक का फर्जी पास लगाकर चलता था। कार की तलाशी में एक फर्जी विधानसभा पास भी बरामद हुआ। पास पर विधानसभा सचिवालय, उत्तर प्रदेश और कार का नंबर अंकित था। मंडुवाडीह थाने की पुलिस ने कार को सीज कर चालक सहित तीनों आरोपियों का शांतिभंग के आरोप में चालान कर दिया।
- एसीपी कैंट को देख बाइक छोड़ कर भागे दो युवक
एसीपी कैंट विदुष सक्सेना बृहस्पतिवार की भोर चार बजे ड्यूटी पॉइंट्स चेक करते हुए गिलट बाजार पहुंचे। वहां बाइक सवार दो युवक एक बाइक का लॉक तोड़ने का प्रयास कर रहे थे। एसीपी कैंट को देखते ही दोनों अपनी बाइक छोड़ कर एक गली से होते हुए भाग गए। कैंट थाने की पुलिस बाइक सीज कर उससे संबंधित व्यक्ति का पता लगा रही है।
- पुलिस कैप ही बनी संदेह का कारण एडीसीपी वरुणा जोन सरवणन टी ने बताया कि विधायक पास लगे हुए वाहन में आगे के शीशे से सटा कर रखी गई पुलिस कैप ही संदेह का कारण बनी। इसी के चलते कार को रुकवा कर उसे चेक कराया गया तो आरोपियों की करतूत सामने आई। कार चालक ने बताया कि उसके परिवार के एक सदस्य पश्चिमी उत्तर प्रदेश में पुलिस में तैनात हैं और बरामद कैप उन्हीं की है।