वाराणसी। सोशल मीडिया पर भ्रामक पोस्ट डालने पर जिलाधिकारी ने एक व्यक्ति को नोटिस देकर स्पष्टीकरण मांगा है। समय से जवाब न देने पर कार्रवाई की चेतावनी भी दी है। जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने बताया कि फेसबुक अकाउंट होल्डर अवनीश राय ने पोस्ट ओनली वे टू स्टॉप कोरोना इज टू स्टॉप टेस्टिंग... गुड जॉब बनारस डाला गया। इसके बाद एसएसपी प्रभाकर चौधरी और एडिशनल सीएमओ डॉ. एसएस कन्नौजिया ने रिपोर्ट दी। कहा कि जिले में अभी तक 2700 से अधिक कोरोना संदिग्ध लोगों की टेस्टिंग हो चुकी है, जिससे प्रदेश के टॉप-5 जनपदों में शामिल है। इसके अलावा वाराणसी मंडल में सबसे अधिक टेस्टिंग भी वाराणसी की ही हुई है। जबकि इसकी आबादी मंडल के कई जनपदों से कम है। टेस्टिंग की सराहना प्रदेश स्तर पर भी की गई है। जिलाधिकारी ने बताया कि एकाउंट होल्डर अवनीश राय के इस पोस्ट से जिले के जनपद स्वास्थ्य विभाग , बीएचयू के माइक्रोबायोलॉजी विभाग की टेस्टिंग लैब और प्रदेश सरकार, बीएचयू की छवि जनता की नजर में धूमिल हुई है। साथ ही कोरोना सैंपल टेस्टिंग से जुड़े हुए सभी चिकित्सकों, स्वास्थ्यकर्मियों एवं टेस्टिंग से जुड़े विभाग व लैबकर्मियों के मनोबल पर घातक असर पड़ा है। पोस्ट पर इनके फालोवर्स द्वारा अनुचित टिप्पणियाँ भी की गयी हैं। उन्हें 13 मई को अपर जिला मजिस्ट्रेट (नगर) के न्यायालय में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर कोविड-19 के संबंध में झूठी अफवाह फैलाने, मेडिकल कार्य का राजनैतिकरण करने आदि के मामले में स्पष्टीकरण मांगा गया है कि क्यों न मुकदमा दर्ज कराया जाए।