अफसरों ने बताया कि उन लोगों को चिह्नित किया जा रहा है, जिनकी मदद से हवाला कारोबारियों और उनके सहयोगियों को विदेशी मुद्रा मिलती थी। विदेशी मुद्रा जुटाने वाले एजेंट और उनके सहयोगी जांच का अहम हिस्सा हैं।
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विदेशी मुद्रा के बदले भारतीय करेंसी देने वाली शहर की मनी एक्सचेंज एजेंसियों की भूमिका की भी जांची जा रही है। ऐसे इनपुट मिले हैं कि कुछ मनी एक्सचेंज एजेंसियां भी गैरकानूनी तरीके से फॉरेक्स ट्रेडिंग के काम में दोनों हवाला कारोबारियों की बड़ी मददगार साबित हुई हैं। अधिकारियों के मुताबिक, संगठित तरीके से संचालित होने वाला यह एक बड़ा नेटवर्क है। इसकी जड़ें बहुत गहरी हैं। विस्तृत पूछताछ और गहन पड़ताल के बाद ही मामले में संलिप्त लोगों के चेहरे उजागर होंगे।