भारत रत्न उस्ताद बिस्मिल्लाह खां के बेनिया स्थित पैतृक मकान को लेकर विवाद बढ़ गया है। परिवार का आरोप है कि बिल्डर पक्ष ने मकान तोड़ने की कोशिश की, जिसका विरोध किया गया। यह मामला करीब 10 वर्षों से चला आ रहा है। चौक पुलिस ने दोनों पक्षों को समझा बुझाकर शांत कराया।
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परिजनों ने पुलिस को बताया कि मकान उस्ताद बिस्मिल्लाह खां के बड़े बेटे मेहताब हुसैन के नाम पर दर्ज है। वर्तमान में यहां उनके दूसरे बेटे नैयर हुसैन खां का परिवार रहता है, जिसमें करीब 35 सदस्य हैं। दोनों भाइयों ने परिवार के अन्य दो सदस्यों पर बिल्डर पक्ष का साथ देने का आरोप लगाया है।
परिजनों ने पुलिस को बताया कि बिल्डर के पास मकान तोड़ने के लिए आवश्यक दस्तावेज या अनुमति नहीं है। इस संबंध में कोई न्यायालय का आदेश भी सामने नहीं आया है। मकान तोड़ने के विरोध के दौरान विवाद बढ़ने की आशंका जताई है।
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चौक इंस्पेक्टर विजय कुमार शुक्ला ने बताया कि मौके पर शांति व्यवस्था के मद्देनजर पुलिस फोर्स गई थी। दोनों पक्षों को समझाया गया। न्यायालय से मामले को हल कराएं, तब तक के लिए किसी तरह का कोई निर्माण या तोड़फोड़ नहीं की जाएगी।