वाराणसी सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विसेज लिमिटेड की 26वीं बोर्ड की बैठक में फैसला
अत्यधिक लगेज के साथ यात्रा करने पर यात्रियों को देना होगा अतिरिक्त शुल्क
एमएसटी बनाने और उसके नवीनीकरण की सुविधा के लिए खोले जाएंगे जनसुविधा केंद्र
संवाद न्यूज एजेंसी
वाराणसी। शहर में संचालित इलेक्ट्रिक बसों में यात्रा करने वाले दिव्यांगों के लिए राहत भरी खबर है। उनसे अब आधा किराया ही वसूला जाएगा। इसके लिए सोमवार को मंडलायुक्त कौशल राज शर्मा की अध्यक्षता में हुई वाराणसी सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विसेज लिमिटेड की 26वीं बोर्ड बैठक प्रस्ताव भी रखा गया। इस प्रस्ताव पर बोर्ड ने संस्तुति दे दी है। जल्द ही दिव्यांगों को यह सुविधा मिलने लगेगी।
बोर्ड के सामने इलेक्ट्रिक बसों में अत्यधिक लगेज के साथ यात्रा करने पर अतिरिक्त शुल्क लिए जाने का प्रस्ताव रखा गया। बोर्ड ने यह निर्णय लिया कि लगेज की संख्या एवं जगह के आधार पर टिकट के कुल मूल्य के 25 प्रतिशत, 50 प्रतिशत या 100 प्रतिशत स्लैब के अनुसार शुल्क लिया जाए। इसी तरह मंथली सीजन टिकट (एमएसटी) बनाने और उसके नवीनीकरण की सुविधा शहर के जनसुविधा केंद्र पर उपलब्ध कराए जाने का प्रस्ताव रखा गया। जिसपर बोर्ड ने निर्णय किया कि एडीएम (फाइनेंस) के साथ समन्वय स्थापित कर यह कार्य किया जाए।
काशी विश्वनाथ धाम तक इलेक्ट्रिक बस चलाने की बनेगी योजना
बोर्ड ने कहा कि एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट के माध्यम बस आपरेटरों का चयन किया जाए, जिनके साथ इलेक्ट्रिक एवं अन्य हरित ईंधन से संचालित बसों का अनुबंध वाराणसी शहर से 20-25 किमी के क्षेत्र में स्थित बाजार, नगर पंचायत, ब्लॉक एवं तहसीलों में संचालन किए जाने के लिए किया जाए। साथ ही श्रीकाशी विश्वनाथ धाम मार्ग, मैदागिन-गोदौलिया मार्ग पर छोटी गोल्फ कार्ट या छोटे वाहन जैसे पब्लिक कार्ट आदि के संचालन की भी योजना बनाई जाए।
हटाएं जाएंगे कई हाइट गेज
क्षेत्रीय प्रबंधक गौरव वर्मा ने बोर्ड को बताया कि सामने घाट, रामनगर मार्गों पर लगे हाइट गेज के कारण इलेक्ट्रिक बसें नहीं जा पा रही हैं, इससे वहां के लोगों को बस की सुविधा का लाभ नहीं मिल पा रहा है। जिसपर बोर्ड लोक निर्माण विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर उनकी ऊंचाई को इलेक्ट्रिक बसों के अनुसार बढ़ाने को कहा। इस दौरान जिलाधिकारी एस राजलिंगम, वीडीए उपाध्यक्ष अभिषेक गोयल, नगर आयुक्त शिपु गिरि आदि उपस्थित रहे।
एयरपोर्ट और रेलवे स्टेशन से चलेंगी बसें
इलेक्ट्रिक बसों से लाल बहादुर शास्त्री हवाई अड्डा परिसर के अंदर से यात्रियों को पिकअप एवं ड्राप की सेवा प्रारंभ की जानी है। इसके लिए बोर्ड द्वारा संस्तुति दी गई। साथ ही सुझाव दिया गया कि विमानों की समयसारिणी को देखते हुए यह सेवा शुरू की जाए, ताकि यात्रियों को सुविधा हो सके। इसी तरह इलेक्ट्रिक बसों का संचालन वाराणसी कैंट स्टेशन प्लेटफार्म संख्या नौ से भी कराने को कहा गया।
जांच के बाद ही नीलाम होंगी डीजल बसें
बोर्ड के समक्ष अधिकारियों ने कहा कि इस समय वाराणसी सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विसेज लिमिटेड के पास कुछ डीजल बसें हैं, जिनकी स्थिति संचालन के अनुरूप नहीं है। इन बसों की नीलामी की जानी है। बोर्ड ने कहा कि पहले कमेटी का गठन करें, संबंधित बसों की जांच सुनिश्चित कराएं, इसके बाद शासनादेश के अनुसार बसों की नीलामी करें।