शिकायत मिलने के बाद पुलिस अधीक्षक, सतर्कता अधिष्ठान वाराणसी द्वारा मामले की गोपनीय जांच कराई गई। जांच में आरोप सही पाए जाने पर आरोपी को पकड़ने के लिए विशेष ट्रैप टीम का गठन किया गया। शुक्रवार को योजना के तहत शिकायतकर्ता को आरोपी के पास भेजा गया। जैसे ही सहायक प्रबंधक ने 5 हजार रुपये रिश्वत के रूप में लिए, पहले से मौजूद विजिलेंस टीम ने उसे रंगे हाथ पकड़ लिया।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान श्रीपाल पुत्र स्वर्गीय कल्लू, निवासी सरस्वती नगर कॉलोनी भिटारी, थाना लोहता के रूप में हुई है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी के खिलाफ सतर्कता अधिष्ठान वाराणसी सेक्टर के थाने में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
सतर्कता अधिष्ठान ने आम नागरिकों से अपील की है कि यदि कोई सरकारी अधिकारी या कर्मचारी किसी कार्य के बदले रिश्वत की मांग करता है तो इसकी सूचना तत्काल रिश्वत विरोधी हेल्पलाइन अथवा विजिलेंस विभाग को दें, ताकि भ्रष्टाचार के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की जा सके।