फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Cyber Crime: बुजुर्ग को डिजिटल अरेस्ट करके 1.10 करोड़ की ठगी, मास्टरमाइंड समेत तीन गिरफ्तार; जानें मामला

Sun, 13 Jul 2025 07:03 PM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

वाराणसी में साइबर क्राइम थाने की पुलिस ने तीन शातिरों को गिरफ्तार किया है। डिजिटल अरेस्ट करके 1.10 करोड़ की ठगी मामले के आरोपी हैं। पुलिस इनके आपराधिक रिकाॅर्ड भी खंगाल रही है।
विज्ञापन
Cyber crime - फोटो : Freepik
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

Varanasi News: नरेश गोयल मनी लॉन्ड्रिंग केस में गिरफ्तारी की धमकी देकर बुजुर्ग महेश प्रसाद को छह दिन तक डिजिटल अरेस्ट कर 1.10 करोड़ की साइबर ठगी में गिरोह के मास्टरमाइंड समेत तीन साइबर ठगों को साइबर क्राइम थाना की पुलिस ने रविवार को गिरफ्तार किया है। 

विज्ञापन


रोहनिया स्थित लठिया के यश विहार काॅलोनी निवासी बुजुर्ग को कभी मुंबई पुलिस तो कभी सीबीआई अफसर बनकर धमकाया गया। साइबर पुलिस ने आरोपियों के पास से 70 हजार नकदी, 8 मोबाइल फोन, 13 सिम कार्ड, सात डेबिट कार्ड, एक चेक और चार पासबुक बरामद किए। तीनों आरोपियों को जेल भेज दिया गया है।

पुलिस लाइन सभागार में रविवार को डीसीपी क्राइम सरवणन टी. ने मीडिया को बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में गोरखपुर के बक्सीपुर साहूटोला निवासी सुमित गुप्ता, लखीमपुर खीरी के मिदानिया निवासी उत्कर्ष वर्मा और गौतमबुद्ध नगर के सृष्टि अपार्टमेंट निवासी अरविंद कुमार वर्मा है।

विज्ञापन
Trending Videos
विज्ञापन

पुलिस ने की कार्रवाई

डीसीपी क्राइम के अनुसार, पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि लोगों को पैसे का लालच देकर उनका खाता बैंकों में खुलवाया जाता है और इन खातों में क्रेडिट धनराशि का कुछ भाग खाताधारक को दिया जाता है। 

खाता खुलवाने के बाद बैंक खातों की पूरी किट अपने पास रख लेते हैं। इसके बाद इन खातों में विदेशी साथी साइबर अपराधियों के साथ मिलकर डिजिटल अरेस्ट से संबंधित ठगी गई रकम मंगवाई जाती है। फिर इन पैसों को विभिन्न बैंक खातों में ट्रांसफर करते हुए कैश निकाल लिया जाता है और अपने साथी विदेशी साइबर अपराधियों को इन पैसों के बदले अपना कमीशन काटते हुए डालर में पेमेंट कर दिया जाता है। 

एडीसीपी साइबर क्राइम नीतू, एसीपी क्राइम विकास कुमार सिंह ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी नोएडा, लखनऊ आदि शहरों से पहले भी गिरफ्तार होकर जेल जा चुके हैं। इनके बारे में अन्य जानकारी जुटाई जा रही है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें