जमकर पिटाई करने के बाद आपातकालीन खिड़की से चलती ट्रेन से बाहर फेंक दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। ट्रेन के जखनिया स्टेशन रुकने पर सभी हमलावर युवक उतर कर पैदल ही भाग निकले। श्रीकांत ने इसकी जानकारी स्टेशन अधिकारी के साथ ही मृतक के परिवार वालों को दी।
रेलवे अधिकारी की सूचना पर मौके पर पहुंची बहरियाबाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इस संबंध में थानाध्यक्ष सुशील कुमार ने बताया कि स्टेशन से मेरे पास मेमो आया कि एक युवक ट्रेन से कट गया है। दारोगा को मौके पर भेजा। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। अगर ट्रेन में मारपीट हुई है तो उसकी रिपोर्ट जीआरपी दर्ज करेगी।
मृतक के परिजनों के अनुसार आजमगढ़ के मुबारकपुर थाना अंतर्गत गजहरा गांव निवासी राजीव गौतम की दस साल पहले आजमगढ़ के भीखा गांव निवासी निशा से शादी हो चुकी थी। इसके बाद राजीव गौतम ने अपने गांव की आयशा खातून के साथ प्रेम विवाह कर लिया।
हालांकि दोनों पत्नियां रजामंदी से एक साथ रहने को तैयार हो गई। पहली पत्नी निशा तो युवक के पैतृक गांव गजहरा में रहती थी, जबकि दूसरी पत्नी आयशा खातून मुबारकपुर कस्बा में इस्लामपुरा मुहल्ले में मृतक युवक राजीव गौतम के साथ किराए के मकान में रहती थी। राजीव गौतम प्राइवेट ड्राइविंग का काम करता था। बताया जाता है कि जिस युवक ने अन्य युवकों के साथ हमला किया था, वह मृतक राजीव गौतम की पत्नी आयशा खातून का परिचित था, जो प्राय: उसके घर आया-जाया करता था।