अपहरण के एक पुराने मामले में पूर्व एमएलसी और बसपा नेता विनीत सिंह ने शनिवार को रांची सिविल कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया। न्यायालय के आदेश पर विनीत को बिरसा मुंडा केंद्रीय कारागार में निरुद्ध किया गया है।
बता दें कि मई के आखिरी हफ्ते में मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का विवादित पोस्टर फेसबुक पर वायरल होने के बाद जिला पुलिस और प्रशासन ने विनीत पर शिकंजा कसना शुरू किया था। इसी दौरान एक जून को अवलेशपुर निवासी प्रापर्टी डीलर शशिकांत राजभर ने एसएसपी आकाश कुलहरि से मिलकर शिकायत की कि विनीत अपने समर्थकों के साथ उसके घर में घुसे और पांच करोड़ की रंगदारी मांगी।
एसएसपी के आदेश पर विनीत के खिलाफ रंगदारी मांगने का मुकदमा दर्ज होने के बाद से वह पुलिस की जद में नहीं आए। जिसके बाद रोहनिया पुलिस ने विनीत के चोलापुर के गोला स्थित आवास पर कुर्की की नोटिस चस्पा की थी। माना जा रहा है कि पुलिस और प्रशासन की सख्ती के कारण विनीत ने रांची में सरेंडर किया है।