मंडलीय अस्पताल के वार्ड ब्वाय जंगबहादुर उर्फ़ पिंटू की जिला महिला अस्पताल परिसर में की गई हत्या का बुधवार को पुलिस ने खुलासा किया। पुलिस आफिस में एसएसपी नितिन तिवारी ने बताया कि गिरफ्त में आया महिला अस्पताल की स्टाफ नर्स का बेटा अरुण कुमार, पियरी का नितिन यादव और जंगबहादुर तीनों दोस्त थे।
कुछ दिन पहले जंगबहादुर पिपलानी कटरा के पास अरुण की शराब छीनकर पी लिया था और उसकी प्रेमिका के बारे में अपशब्द बोला था। जंगबहादुर का यह कृत्य अरुण को बहुत बुरा लगा था।
21 जनवरी की रात महिला अस्पताल परिसर में रहने वाले जंगबहादुर के मौसा-मौसी शादी में गए थे। जंगबहादुर ने अरुण और नितिन को शराब पीने के लिए बुलाया। इसी दौरान नशे की हालत में अरुण और नितिन ने पर्दे की रॉड, करछुल से जंगबहादुर का सिर कूंचा।
इसके बाद गैस सिलेंडर पटककर दोनों ने उसकी कमर तोड़ी। हत्या को दुर्घटना का रूप देने के लिए दोनों ने सिलेंडर में आग लगाई लेकिन गैस ख़त्म हो गई। इसके बाद घर की आलमारी तोड़कर दोनों ने तीन लाख रुपये मूल्य से ज्यादा के जेवरात की चोरी की और भाग निकले।
सर्विलांस की मदद से मुखबिर की सूचना के आधार पर मंगलवार रात 1:30 बजे अरुण और नितिन को कंपनीबाग़ के पास से सीओ कोतवाली अखिलेश सिंह, इंस्पेक्टर कोतवाली अरविन्द सिंह सिसोदिया और उनकी टीम ने गिरफ्तार कर लिया।