शिव सेना के जिला प्रमुख अंकुर यादव के अनुसार शिव सेना के दोनों कार्यकर्ताओं को पुलिस ने अकारण ही हिरासत में लिया और उनके बारे में बताने के बाद भी नहीं छोड़ा। इससे क्षुब्ध होकर काली मंदिर निवासी धर्मेंद्र पानी की टंकी पर चढ़ गया और आत्मदाह करने की बात करने लगे। उधर, धर्मेंद्र को नीचे न उतरते देख इंस्पेक्टर कैंट ने लिखापढ़ी कर दोनों युवकों को छोड़ दिया तो प्रकरण का पटाक्षेप हुआ।