मिर्जापुर में जिगना गैपुरा इलाके में रेल पटरी पर बोल्डर रख कर राजधानी गिराने के मामले में आरपीएफ ने बड़ा खुलासा किया है। जिसे सुन कर रेल के साथ साथ पुलिस के उच्चाधिकारियों के भी कान खड़े हो गए हैं। पुलिस इस मामले में रेल कर्मचारी समेत चार लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। अन्य लोगों की भी तलाश की जा रही है।
बता दें कि मिर्जापुर से लेकर जिगना तक रेल पटरी पर सात बार बोल्डर रखकर राजधानी समेत अन्य ट्रेनों को गिराने का प्रयास किया जा चुका है, लेकिन हर बार आरोपी अपने मकसद में विफल रहे हैं। मामले की जानकारी होने पर आरपीएफ अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज कर इसकी जांच शुरू की। जांच के दौरान जो खुलासे हुए उसे सुन कर आरपीएफ के अधिकारी समेत रेलवे उच्चाधिकारी भी हैरान हैं।
सूत्रों की माने तो जांच में पाया गया है कि रेलवे के कुछ कर्मचारी ही उच्चाधिकारियों को परेशान करने एवं उनके विरुद्घ कार्रवाई कराने के लिए जिगना एवं गैपुरा के लोगों से मिलीभगत कर तीन बार जिगना और गैपुरा के बीच रेल लाइन पर बोल्डर रख कर राजधानी को गिराने का प्रयास करवाया है।
यही नहीं हजारों लोगों की जान खतरे में डालते हुए ये कर्मचारी यातायात को बाधित कराने का प्रयास कर चुके हैं। जांच में इसकी पुष्टि होने पर आरपीएफ ने अभी तक इस मामले में चार लोगों को हिरासत में लिया है।
इसमें दो रेल कर्मी समेत दो अन्य आरोपी शामिल हैं, जिनसे पूरी घटना के बारे में पूछताछ की जा रही है। संभावना है कि पुलिस इसका खुलासा एक दो दिन में कर देगी। जिसमें रेलवे के कर्मचारियों के नाम सबके सामने आ जाएंगे।