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वाराणसी : घर में मिली हिस्ट्रीशीटर संग महिला की लाश, दोनों की गोली मार कर की गई हत्या

Fri, 21 Jun 2019 11:30 PM IST
Sayali Maurya न्यूज डेस्क,अमर उजाला,वाराणसी
हिस्ट्रीशीटर और महिला की लाश - फोटो : अमर उजाला
उत्तर प्रदेश के वारणसी में एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। जगतपुर गांव में गुरुवार रात एक हिस्ट्रीशीटर और एक महिला की गोली मारकर हत्या कर दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। 


वाराणसी के जगतपुर गांव में गुरुवार की रात रोहनिया थाने के हिस्ट्रीशीटर हरेंद्र शर्मा (35) और रुचि सिंह (30) को गोली मार कर हत्या कर दी गई। शुक्रवार को ग्रामीणों की सूचना पर पहुंची रोहनिया पुलिस ने दोनों का शव पोस्टमार्टम के लिए भेजवाया। वारदात की वजह का फिलहाल पता नहीं लग सकी है। पुलिस की दो टीमें वारदात के संबंध में परिजनों से पूछताछ कर रही हैं। 

हत्या से पहले हिस्ट्रीशीटर हरेंद्र सिंह गुरुवार की रात जगतपुर मार्ग स्थित रुचि के विवादित खेत की जबरन जुताई कराया था। ग्रामीणों के अनुसार जिस खेत की हरेंद्र ने जुताई कराई थी, उसे लेकर रुचि सिंह और उसके चचेरे देवर प्रकाश व कई अन्य लोगों के बीच विवाद चल रहा था।


जुताई कराने के दौरान भी कुछ लोगों से हरेंद्र की जमकर नोकझोंक हुई थी। इसके बाद रुचि के घर पर हरेंद्र सहित पांच-छह अन्य लोगों ने शराब पीकर अंडा करी खाई। लगभग तीन किलो गोश्त भी आया था लेकिन उसका पता नहीं लगा। हरेंद्र के साथ खाना खाने वाले लोग कौन थे, पुलिस इसका पता लगा रही है।

मौके पर पहुंचे एसपी और बरामद खोखा - फोटो : अमर उजाला
ग्रामीणों के अनुसार इससे कुछ दिन पहले रुचि की एक जमीन को हरेंद्र ने बेचवाया था और कुछ जमीन बेचने की बात खरीदारों से चल रही थी। शुक्रवार की सुबह हरेंद्र और रुचि की हत्या के बारे में ग्रामीणों को पता लगा तो कोई वारदात पर विश्वास ही नहीं कर पा रहा था।

घटना की वजह को लेकर ग्रामीणों के अपने तर्क थे। ग्रामीणों का कहना था कि हरेंद्र की नजर रुचि और उसके अविवाहित चाचा ससुर की संपत्ति पर थी। रुचि के माध्यम से ही वह दोनों की जमीन पर कब्जा कर लेता।

हिस्ट्रीशीटर हरेंद्र सिंह जगतपुर और आसपास के गांवों में मनबढ़ के तौर पर जाना जाता था। रोहनिया सहित जिले के अन्य थानों में हरेंद्र के खिलाफ लूट, हत्या, बलवा, गैंगेस्टर सहित अन्य आरोपों में आधा दर्जन से ज्यादा मुकदमे दर्ज हैं।

कछवां में नौ लाख से ज्यादा की लूट और पंडितपुर में शराब ठेके के सेल्समैन की हत्या में हरेंद्र का नाम सुर्खियों में आया था। हरेंद्र इस तरह का शातिर था कि उसके मोबाइल में सिर्फ इनकमिंग सुविधा रहती थी।
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पति और देवर की मौत के बाद हरेंद्र और रुचि आए करीब :
रुचि का पति दिलीप और हरेंद्र एक-दूसरे के दोस्त थे। 2016 में सड़क हादसे में दिलीप और फिर उसके भाई नीरज की मौत हो गई थी। रुचि के ससुर भरत सिंह का पता नहीं है तो सास मुन्नी देवी नासिरपुर स्थित अपने मायके में रहती हैं।

रुचि का खुद का डेढ़ बीघे जमीन का विवाद चल रहा था। इसके अलावा वह साथ रहने वाले अविवाहित चाचा ससुर लक्ष्मीनारायण का भी डेढ़ बीघा की जमीन का विवाद देख रही थी। पति की मौत के बाद बीते तीन साल से रुचि और हरेंद्र के बीच नजदीकियां बढ़ीं। इसके बाद हरेंद्र ने अपने घर आना-जाना कम कर दिया और रुचि के यहां ही रहता था।
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