रुपयों के लालच में कैंट के सिकरौल निवासी प्रियांश ने खुद के अपहरण की साजिश रच डाली। पहले तो वह घर से लापता हो गया। बाद में उसके एक साथी ने पिता को फोन कर पांच लाख की फिरौती मांगी। बताया कि उनके बेटे का अपहरण हो गया है। पुलिस ने इस मामले में आरोपी एमआर पुत्र और उसके एक साथी को मऊ से हिरासत में ले लिया है।
कैंट थाना क्षेत्र के सिकरौल निवासी डाक विभाग से अवकाश प्राप्त गणेश श्रीवास्तव का बेटा प्रियांश श्रीवास्तव (32) एक दवा कंपनी में एमआर है। वह चार फरवरी की शाम से लापता हो गया। परिवार के लोगों ने काफी खोजबीन की लेकिन उसका कहीं पता नहीं चला। पांच फरवरी को गणेश के मोबाइल पर एक फोन किया। फोन करने वाले ने बताया कि उसने प्रियांश का अपहरण कर लिया है।
पांच लाख रुपये फिरौती मांगी। रकम बताए गए खाते में ट्रांसफर करने को कहा। उसने गणेश की प्रियांशु से भी बात कराई। प्रियांश ने रोते हुए कहा कि अपहर्ता उसे मार डालेंगे। ऐसा न करने पर प्रियांश को जान से मार देने की धमकी दी। गणेश ने पांच फरवरी को इस मामले में कैंट थाने में अज्ञात के खिलाफ अपहरण का मुकदमा दर्ज कराया।
पुलिस को सर्विलांस की मदद से गणेश को फोन करने वाले की लोकेशन मऊ जिले में मिली। शनिवार को कैंट पुलिस की एक टीम ने मऊ पहुंच फोन करने वाले और उसके साथ मौजूद प्रियांश को हिरासत में ले लिया। पता चला कि पिता से रुपये ऐंठने के लिए प्रियांशु ने खुद के अपहरण का नाटक रचा था। कैंट पुलिस देर रात उसे वाराणसी लेकर पहुंची।