जिला पंचायत कार्यालय की लिपिक खुशहाल नगर की नीलम सिंह को सोमवार को एंटी करप्शन की टीम ने 10 हजार रुपये घूस लेते गिरफ्तार किया। उसे कैंट थाने को सुपुर्द कर दिया गया। यह कार्रवाई जिलाधिकारी योगेश्वर राम मिश्र के निर्देश पर की गई है।
चौबेपुर निवासी ओंकार नाथ उपाध्याय जिला पंचायत विभाग से कैशियर पद से सेवानिवृत्त हुए थे। उनके बेटे अरुण कुमार उपाध्याय का आरोप है कि लकवा से पीड़ित पिता की पेंशन फाइल बीते पांच साल से लटका कर नीलम सिंह 20 हजार रुपये घूस मांग रही थीं।
उन्होंने इसकी शिकायत जिलाधिकारी से की। डीएम ने त्वरित कदम उठाते हुए एंटी करप्शन की टीम को कार्रवाई का निर्देश दिया। योजना के अनुरूप सोमवार को अरुण जिला पंचायत कार्यालय पहुंचा और केमिकल लगे दो हजार के पांच नोट नीलम सिंह को थमाते हुए घूस के बाकी रुपये जल्द देने को कहा।
इसी बीच एंटी करप्शन टीम के इंस्पेक्टर रामसागर, इंस्पेक्टर सरोज पांडेय, ओमप्रकाश यादव, नरेंद्र सिंह और सुजीत सिंह वहां पहुंच गए। उन्होंने नीलम सिंह के हाथ धुलवाए। नोटों में केमिकल लगा होने के कारण नीलम के हाथ लाल हो गए।
इसके बाद टीम उन्हें गिरफ्तार कर कैंट थाने ले गई। थाने में नीलम के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेज दिया गया। वहीं, डीएम ने मातहतों को हिदायत दी है कि जो भी भ्रष्टाचार और घूसखोरी में लिप्त पाया जाएगा, उसे सीधे जेल भेजा जाएगा।