लोगों की आंखों में धूल झोंककर पलक झपकते ही सामान चुराने वाले और छीनकर भागने वाले बच्चा गिरोह के छह किशोरों को मंडुवाडीह पुलिस ने बड़ी मशक्कत के बाद आखिरकार पकड़ लिया। वहीं, कैंट पुलिस ने चोरी के आरोप में चार को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से चोरी का एक लैपटॉप, 22 मोबाइल, 25480 नगद, तीन हजार के रिचार्ज कूपन, घड़ी, जेवरात बरामद हुए हैं।
सीओ भेलूपुर राजेश कुमार श्रीवास्तव ने मंगलवार को मंडुवाडीह थाने में पत्रकारों को बताया कि एसओ मंडुवाडीह फरीद अहमद को सूचना मिली थी कि डीरेका परिसर स्थित टैगोर पार्क में मौजूद कुछ किशोरों की हरकत संदिग्ध लग रही है। सूचना पाकर मौके पर पहुंची मंडुवाडीह पुलिस ने घेरेबंदी कर चार किशोरों को पकड़ा और थाने ले आए। पूछताछ में उन्होंने बताया कि वे अपने शौक पूरे करने के लिए सुनसान पड़े घरों में चोरी करते थे। इनमें से एक मंडुवाडीह, एक सिगरा और दो भेलूपुर क्षेत्र के रहने वाले हैं। इसके साथ ही एसओ मंडुवाडीह ने नाथूपुर के दो किशोरों को भी हिरासत में लिया। दोनों अकेले जाने वाली महिलाओें से मोबाइल और पर्स छीनकर भाग निकलते थे और भीड़ में शामिल हो जाते थे।
उधर, सीओ कैंट राजकुमार यादव ने कैंट थाने में बताया कि मुखबिर की सूचना पर ताड़ीखाना के पास से अर्दली बाजार चौकी प्रभारी पर्व कुमार सिंह ने सिगरा के राजेश उर्फ बोड़े और मुगलसराय के दुल्हीपुर के संजय सोनकर को हिरासत में लिया। पूछताछ में सामने आया कि राजेश और संजय ऑटो से चलते हैं और बंद पड़े मकानों की रेकी कर उन्हें निशाना बनाते हैं। चोरी का सामान दोनों भेलूपुर के कबीर नगर के रोहित उर्फ जावेद अली को बेचते हैं। जावेद चोरी का सामान रोहतास (बिहार) के रोहित अग्रवाल उर्फ विकास को बेच देता था। पुलिस ने छापेमारी कर अर्दली बाजार क्षेत्र से ही जावेद और रोहित को भी गिरफ्तार कर लिया।