गांजा रखने के जुर्म में कोर्ट ने सुनाई ये कड़ी सजा
लगभग दो कुंतल गांजा बरामदगी के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश चतुर्थ मुहम्मद गुलाम उल मदार की अदालत ने औरैया जिले के सलेमपुर गांव निवासी अभियुक्त बाबू सतीश सिंह को दोषी पाया है।
कोर्ट ने 10 वर्ष के कठोर कारावास और एक लाख रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड अदा न करने पर अभियुक्त को तीन माह के अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी पड़ेगी।
अभियोजन अधिकारी उदय बहादुर सिंह व एडीजीसी अपर्णा पाठक के अनुसार मिर्जामुराद थाना क्षेत्र के खजुरी स्थित एक पेट्रोल पंप पर खड़े ट्रक से एसटीएफ के निरीक्षक शैलेंद्र प्रताप सिंह की टीम ने गांजा बरामद किया।
पूछताछ में खलासी औरेया के सलेमपुर निवासी बाबू सतीश सिंह ने बताया कि चालक सतीश पाल एक घंटे से गायब है।
तलाशी में ट्रक पर छोटे-छोटे पैकेट में बांधा करीब 1978 किलो 500 ग्राम गांजा बरामद हुआ।
खलासी ने बताया कि चालक ने जोरहट में मोटरसाइकिल की डिलेवरी करने के बाद उसमें गांजा लोड करवाया था और वाराणसी में इसे डिलेवरी की बात बताई थी। यहां पहुंचने पर चालक कहीं चला गया। टीम ने अभियुक्त बाबू सतीश सिंह को गिरफ्तार कर लिया।