वाराणसी। 12 वर्षीय किशोरी मंडुवाडीह पुलिस की सक्रियता से देह व्यापार के दलदल में फंसने से बच गई। प्रकरण को लेकर मंडुवाडीह थाने में लहरतारा के राजकुमार और लोहता के हरपालपुर के विनोद कुमार गुप्ता व उसकी पत्नी अंजू के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। विनोद और राजकुमार को सोमवार को जेल भेज कर पुलिस अंजू की तलाश कर रही है।
प्रकरण के अनुसार रिश्ते में मामा-मामी लगने वाले विनोद और अंजू ने राजकुमार की मदद से लहरतारा क्षेत्र से 12 वर्षीय किशोरी का अपहरण किया था। किशोरी को लोहता स्थित एक मकान में बंधक बना कर रखा गया। इस बीच किशोरी को घर पर न देख उसके पिता ने खोजबीन शुरू करते हुए पुलिस को सूचना दी। सूचना पाकर मंडुवाडीह थाने के कार्यवाहक थानाध्यक्ष राघवेंद्र सिंह और उनकी टीम सक्रिय हुई और क्षेत्र में छापेमारी शुरू की। ना जाने कैसे आरोपियों को छापेमारी की भनक लग गई तो उन्होंने किशोरी को मुंह बंद रखने की हिदायत देते हुए लहरतारा क्षेत्र में छोड़ा और भाग निकले।
किशोरी ने पुलिस को बताया कि तीनों उसे नई दिल्ली में बेचने के लिए फोन से लगातार बात कर रहे थे। इसी बीच किसी का फोन आया कि उसकी तलाश में पुलिस जगह-जगह छापेमारी कर रही है तो तीनों घबरा गए। फोन करने वाले ने तीनों से तत्काल उसे छोड़ कर भाग जाने को कहा। इस संबंध में थानाध्यक्ष मंडुवाडीह ने बताया कि दो आरोपियों को गिरफ्तार कर आरोपी महिला की तलाश की जा रही है।