छह फर्म ने रांची से खरीदा था कोडिन सीरप
जिले के छह फर्मों ने झारखंड के हटिया, रांची स्थित टुपुदाना इंडस्ट्रियल एरिया से 7,82,800 बोतल कोडीनयुक्त कफ सिरप खरीदी थी। खरीदी गई सिरप का अनुमानित मूल्य करीब 11.50 करोड़ रुपये है। इस मामले में ड्रग्स इंस्पेक्टर ब्रजेश मौर्या ने बीते वर्ष 23 नवंबर को अमित सिंह, प्रोपराइटर फर्म मेसर्स अंश मेडिकल एजेंसी जखनियां गोविंद (कोतवाली भुड़ुकुड़ा), निलेश कुमार श्रीवास्तव, प्रोपराइटर फर्म मेसर्स शुभम फार्मा (खानपुर थाना), शुभम सिंह, प्रोपराइटर फर्म मेसर्स नित्यांश मेडिकल एजेंसी (मंझनपुर, कोतवाली भुड़ुकुड़ा), दयाराम सिंह, प्रोपराइटर मेसर्स मौर्या मेडिकल स्टोर (गोराबाजार, पीरनगर), राहुल यादव, प्रोपराइटर मेसर्स राधिका मेडिकल एजेंसी (नंदगंज) और सैदपुर स्थित मेडिकल एजेंसी संचालक सर्वांश वर्मा के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
एसपी ने गठित की थी एसआईटी
इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए एसपी डॉ. ईरज राजा ने एसआईटी की टीम गठित की थी, जो लगातार मामले की तह तक जाने में जुटी हुई थी। बीते 13 दिसंबर को पुलिस ने सर्वांश वर्मा को गिरफ्तार किया था। इसके बाद फरार पांच आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम प्रयासरत रही, लेकिन सफलता नहीं मिल सकी।
बीते पांच मई को गोराबाजार मौर्या मेडिकल स्टोर के प्रोपराइटर दयाराम सिंह और नंदगंज राधिका मेडिकल एजेंसी के प्रोपराइटर राहुल यादव ने सरेंडर कर दिया था। वहीं, मंझनपुर निवासी और नित्यांश मेडिकल एजेंसी के प्रोपराइटर शुभम सिंह ने न्यायालय में सरेंडर किया।
बड़े स्तर पर हुई थी खरीद- फरोख्त
जिले में छह फर्मों ने कोडीनयुक्त कफ सिरप की खरीद-फरोख्त में बड़े स्तर पर गड़बड़ी की थी। आंकड़ों के मुताबिक, वित्तीय वर्ष 2023-24 में अंश मेडिकल एजेंसी ने 1,17,000 शीशियां कफ सिरप खरीदी थीं। वित्तीय वर्ष 2024-25 में राधिका मेडिकल एजेंसी ने 79,000, मौर्या मेडिकल एजेंसी ने 49,800, नित्यांश मेडिकल एजेंसी ने 2,38,000 और वित्तीय वर्ष 2025-26 में 50,000 शीशियां खरीदीं
शुभम फार्मा ने वित्तीय वर्ष 2024-25 में 1,74,000 शीशियां खरीदीं। वहीं अंश मेडिकल एजेंसी ने 2024-25 में 24,000 और 2025-26 में 57,500 शीशियां खरीदीं। स्वास्तिक मेडिकल एजेंसी ने वित्तीय वर्ष 2024-25 में 1,42,000 और 2025-26 में 50,000 शीशियां खरीदी थीं।