उत्तर प्रदेश के पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह ने पदक पाने वाले विद्यार्थियों को सफलता का लक्ष्य निर्धारित कर आगे बढ़ते रहने के लिए प्रेरित किया। कुलपति प्रो. वांगचुक दोर्जे नेगी ने संस्थान के विकास यात्रा का उल्लेख किया।
समारोह में सत्र 2023 व 2024 के पंच महाविद्या का अध्ययन कर चुके 18 छात्र-छात्राओं, पीएचडी के 14 और एमफिल के 11 छात्र-छात्राओं को भी गोल्ड मेडल मिला। इस दौरान राष्ट्रीय संस्कृत संस्थान दिल्ली के वीसी प्रो. श्री निवास वरखेड़ी को मानद उपाधि भी प्रदान की गई।
इससे पहले छात्र-छात्राओं ने तिब्बती व भोट भाषा में मंगलाचरण किया। संचालन प्रो. महेश शर्मा, धन्यवाद ज्ञापन कुलसचिव कुलसचिव सुनीता चंद्रा ने किया। इस दौरान डॉ. लक्पा छेरिंग, सांस्कृतिक मंत्रालय में संयुक्त सचिव अमृता प्रसाद साराभाई, भिक्षु के सिरी सुमेध थेरो आदि मौजूद रहे।