काशी के बारह आदित्य की तमिल में अनुवादित पुस्तक का लोकार्पण शुक्रवार को मंडलायुक्त एस राजलिंगम ने कचहरी स्थित अपने कार्यालय में किया। हिंदी में इस पुस्तक के लेखक अखिलेश कुमार और जैनेंद्र कुमार राय हैं। वाराणसी में तमिल समुदाय की पंजीकृत संस्था काशी तमिल संगम के पदाधिकारियों ने पुस्तक की पहली प्रतियां प्राप्त कीं। मंडलायुक्त ने बताया कि पुस्तक में काशी की धार्मिक, आध्यात्मिक, साहित्यिक, कला एवं सांस्कृतिक परंपराओं की बहुलता को रेखांकित किया गया है। उन्होंने कहा कि काशी के अलावा विश्व में कोई अन्य जीवंत नगर नहीं है। उन्होंने यह भी आग्रह किया कि इस पुस्तक का अनुवाद सभी संभव भारतीय भाषाओं में किया जाना चाहिए। मंडलायुक्त ने इंटैक और अनुवादक पीएस वेंकटरामणन को धन्यवाद दिया।