उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शपथ ग्रहण करने के साथ ही पूरे फार्म में हैं। सरकारी कार्यालयों में गुटखे और पान पर प्रतिबंध लगाकर मुख्यमंत्री ने अपने सफाई अभियान की जोरदार शुरुआत की। अब सीएम योगी ने प्रधानमंत्री संसदीय क्षेत्र वाराणसी के लिए एक बड़ा ऐलान किया है।
मुख्यमंत्री ने घोषणा की है कि इस साल के अंत तक वाराणसी समेत सूबे के चार शहर खुले में शौच की कुप्रथा से पूरी तरह से मुक्त हो जाएंगे। वाराणसी के अलावा, इटावा, सोनभद्र और आगरा इस साल के अंत तक खुले में शौच से मुक्त हो जाएंगे।
बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी काशी वासियों से खुले में शौच की कुप्रथा को खत्म करने की अपील की थी।
सीएम योगी ने शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत मिशन को शीर्ष प्राथमिकता बताया। इससे पहले उन्होंने कहा था इस साल के अंत तक यूपी के 30 जिले खुले में शौच की प्रथा से मुक्त हो जाएंगे। इन 30 जिलों के साथ अब बनारस समेत चार जिलों को जोड़ दिया गया है।
स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए सरकार प्रदेश के सभी 75 जिलों में एक-एक जिला स्वच्छ भारत प्रेरक की नियुक्ति करेगी। गंगा किनारे वाले जिलों को खुले में शौच से मुक्त करने पर सरकार का विशेष बल है।