नो इंट्री के चलते शांत दिखीं सड़कें
ट्रांसपोटर्स के विरोध को दरकिनार करते हुए यातायात पुलिस और प्रशासन ने एनएच-2 (कैंट-लहरतारा मार्ग) पर भारी वाहनों के लिए 24 घंटे नो इंट्री बरकरार रखी है। आवश्यक वस्तु सेवाओं को छोड़कर किसी भी भारी वाहन को लहरतारा होते हुए कैंट की तरफ नहीं जाने दिया जाएगा। इलाहाबाद रूट की निजी बसें चांदपुर, कलेक्ट्री फार्म से ही संचालित होंगी। शनिवार को ट्रांसपोर्ट यूनियन के साथ बैठक में एसपी ट्रैफिक कमल किशोर ने दो टूक कहा कि चौकाघाट फ्लाईओवर के विस्तार कार्य को देखते हुए यातायात प्रबंधन का जो नया प्लान लागू किया गया है, उसमें किसी भी तरह का फेरबदल नहीं किया जाएगा।
एसपी ट्रैफिक ने यह भी स्पष्ट किया कि नो इंट्री की व्यवस्था को देखते हुए इलाहाबाद रूट से शहर आने-जाने वाले वाहनों के लिए पूरी रणनीति बनाई गई है। किसी एक मार्ग पर दबाव न पड़े इसलिए ट्रक अलग-अलग मार्गों से होते हुए शहर के बाहर निकलेंगे। ट्रांसपोटर्स का कहना था कि नए रूट डायवर्जन से दूरी बढ़ने के कारण ढुलाई खर्च बढ़ेगा। उन्हें माल भाड़े में वृद्धि करनी होगी।
बता दें कि चौकाघाट फ्लाईओवर का विस्तार लहरतारा स्थित रेलवे के कैंसर अस्पताल तक किया जा रहा है। इसके लिए अंधरापुल, माल गोदाम, कैंट रोडवेज और लहरतारा पुल के पास खुदाई कराई जा रही है। जगह-जगह खुदाई और निर्माण कार्य के बीच ट्रैफिक के जबरदस्त दबाव से रोजाना जाम की समस्या झेलनी पड़ रही थी। एनएच-2 पर जाम की इस गंभीर समस्या को ‘अमर उजाला’ ने शुक्रवार के अंक में प्रमुखता से उठाया था।
पुलिस और प्रशासन के उच्चाधिकारियों ने इसका संज्ञान लेते हुए शुक्रवार से शहर में भारी वाहनों के लिए 24 घंटे नो इंट्री की व्यवस्था लागू कर दी। ट्रांसपोटर्स ने इसका विरोध किया था। एसपी ट्रैफिक कमल किशोर ने शनिवार को इस मुद्दे पर अपने कार्यालय में बैठक बुलाई थी। बनारस गुड्स ट्रांसपोटर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष शिवचंद तिवारी, वाराणसी ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष जयप्रकाश तिवारी, महामंत्री भरत सिंह के नेतृत्व में पहुंचे ट्रांसपोटर्स के साथ करीब दो घंटे तक बैठक चली। बैठक में मदन कपिल, सुनील कपूर, टीएन तिवारी, आशीष श्रीवास्तव, प्रकाश मित्तड़, आबिद अली, ताराशंकर वर्मा, बबलू सिंह आदि मौजूद थे।