फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Varanasi News: गंगा में नहीं चलाईं नावें, बैठक कर भरी हुंकार

विज्ञापन
विज्ञापन
वाराणसी। पुलिस पर उत्पीड़न का आरोप लगाकर नाविकों ने बृहस्पतिवार को नाव संचालन बंद कर विरोध जताया। दशाश्वमेध घाट पर पुलिस ने धारा 144 का हवाला देते हुए बैठक करने से मना कर दिया। इस पर नाविकों नाविकों ने गंगा में लगी नावों में बैठक कर हुंकार भरी। आरोप लगाया कि गंगा में दुर्घटना होने पर पुलिस निर्दोष नाविकों का उत्पीड़न करती है।
विज्ञापन

बैठक की अध्यक्षता करते हुए प्रमोद मांझी ने कहा कि पुलिस ने घाट पर बैठक करने से रोक दिया। इससे नाव में बैठक करनी पड़ी। कहा कि किसी न किसी बहाने नाविकों का शोषण किया जा रहा है। नगर निगम लाइसेंस के नाम पर अत्यधिक शुल्क की वसूली कर रहा है। कोई डूबता है तो पहले नाविक ही जान पर खेल कर बचाता है। डूबे हुए शव क़ो निकालने में सबसे पहले नाविक समाज के गोताखोर ही आते हैं। प्रशासन के रवैया से नाविकों को परेशानी हो रही है। बैठक में शंभु मांझी, रमेश, भीम, गुड्डू, सतीष, शंकर, सुभाष आदि शामिल रहे।
-----------
मायूस लौटे पर्यटक
नौका संचालन बंद होने से बृहस्पतिवार को गंगा में सैर करने आए पर्यटकों को मायूसी हाथ लगी। परिवार के साथ कोलकाता से आए विमान गांगुली ने बताया कि काशी विश्वनाथ धाम का दर्शन करने के बाद दशाश्वमेघ घाट गंगा में नौका विहार करने की इच्छा थी। लेकिन घाट पर आने पर पता चला की आज नाविक नौका नहीं चला रहे हैं। पर्यटक शांता ने बताया कि घाट देखने की इच्छा थी लेकिन नौका संचालन बंद होने के चलते बिना नौका विहार किए वापस जाना पड़ रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें