अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में होने वाले बच्चों के जन्म-मृत्यु का पंजीकरण बीस दिनों के भीतर सीआरएस (सिविल रजिस्ट्रेशन सिस्टम) पोर्टल पर ऑनलाइन करना होगा। इससे जहां लोगों को भागदौड़ नहीं करनी पड़ेगी वहीं पारदर्शिता भी बनी रहेगी।
विकास भवन सभागार में 21-22 व 25 जनवरी को ऑनलाइन फीडिंग को लेकर आयोजित प्रशिक्षण में कर्मचारियों को इस बारे में जानकारी दी गई। बताया गया कि वर्तमान समय में जिले में केवल 45 प्रतिशत ही जन्म-मृत्यु पंजीकरण ऑनलाइन हो पाया है। जबकि लक्ष्य है कि 15 फरवरी तक इसे शत-प्रतिशत करना है। बताया कि जन्म-मृत्यु के 21 दिन के अंदर नि:शुल्क पंजीकरण किया जाएगा। 21 से और 30 दिन के अंदर 2 रुपया, 30 दिन के बाद एक वर्ष तक पांच और एक वर्ष के बाद दस रुपये का शुल्क और प्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट के आदेश पर ही पंजीकरण किया जाएगा। कार्यक्रम में जिला पंचायत राज अधिकारी शाश्वत आनंद सिंह, एसपी शुक्ला, प्रणव कुमार तिवारी, सीएमओ डॉक्टर वीबी सिंह, सौरभ प्रताप सिंह सहित अन्य लोग मौजूद रहे।
110 नर्सिंग होम में शुरू हुआ पंजीकरण
सीएमओ डॉक्टर वीबी सिंह ने बताया कि कुछ दिन पूर्व ही समीक्षा बैठक में सभी पंजीकृत नर्सिंग होम में जन्म-मृत्यु पंजीकरण 21 दिन के अंदर हर हाल में कराए जाने का निर्देश दिया गया था। लगभग 200 नर्सिंग होम का यूजर, आईडी पासवर्ड भी दिया जा चुका है, जिसमें से 110 निजी चिकित्सालय ने कार्यवाही शुरू कर दी है।