भदोही जिला एवं सत्र न्यायालय फास्ट ट्रैक कोर्ट ने पांच लोगों की सामूहिक हत्या और दुष्कर्म के मामले में छह दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। नौ साल पहले ऊंज थानाक्षेत्र के चौरहटा गांव में हुई वारदात में कोर्ट ने बृहस्पतिवार को फैसला सुनाया।
सितंबर 2009 में ऊंज थानाक्षेत्र के सोबरी (चौरहटा) गांव में एक ही परिवार के पांच लोगों की नृशंस हत्या कर दी गई थी। इस दौरान महिलाओं के साथ दुष्कर्म भी किया गया। अभियोजन पक्ष के अनुसार पांच सितंबर 2009 को ऊंज थानाक्षेत्र के सोबरी (चौरहटा) गांव के ग्राम चौकीदार ने पुलिस को तहरीर देकर कहा था कि उसके गांव में संगम लाल उर्फ गामा गुप्ता, उनकी पत्नी सावित्री देवी, लड़कियों अनीता, रानी और नातिन गुड़िया की अज्ञात लोगों ने गला काटकर हत्या कर दी है।
पुलिस ने धर्मेंद्र कुमार बिंद, विजय कुमार गुप्ता, प्रेमशंकर उपाध्याय, चंद्रप्रकाश पांडेय, श्यामदेव विश्वकर्मा, गुड्डू मिश्रा, तीर्थराज गुप्ता और केदार मिश्रा के खिलाफ हत्या और बलात्कार समेत विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय में भेजा।
न्यायाधीश अशोक कुमार दूबे की अदालत ने गवाहों के बयान और अधिवक्ताओं की दलीलों को सुनने के बाद चंद्रप्रकाश पांडेय, धर्मेंद्र बिंद, तीर्थराज गुप्ता, सच्चिदानंद मिश्रा, केदार मिश्रा और प्रेमशंकर उपाध्याय को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। अभियोजन पक्ष से बहस-पैरवी सहायक शासकीय अधिवक्ता रमेश कुमार पांडेय ने की।