जिले के आर्थिक रूप से कमजोर 5 से 30 आयु वर्ग के छात्रों का चयन कर प्रशासन की ओर से उन्हें बेहतर शिक्षा दी जाएगी। इसके लिए उन्हें तीन चरणों में परीक्षा देनी होगी। इसे लेकर बृहस्पतिवार को विकास भवन सभागार में जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार की अध्यक्षता में करीब 60 विद्यालयों के प्रधानाचार्यों के साथ बैठक हुई। इसमें सुपर 30 के उद्देश्यों और इसके क्रियान्वयन की रणनीति व आगामी योजना पर जानकारी दी गई। कार्यक्रम में सीडीओ प्रखर सिंह मौजूद रहे। जिला विद्यालय निरीक्षक भोलेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि जिला प्रशासन ने फिजिक्स वाला के सहयोग से मेधा, समानता और समावेशन के सिद्धांतों से प्रेरित एक लक्षित शैक्षणिक कार्यक्रम प्रारंभ किया है। वाराणसी के माध्यमिक स्तर के सभी विद्यालयों में पढ़ने वाले आर्थिक रूप से कमजोर छात्रों और जो किसी कोचिंग संस्था या बड़े संस्थान में आईआईटी, नीट की तैयारी के लिए दाखिला न ले पाने वाले छात्र-छात्राओं के लिए यह पहल शुरू की गई है। विद्यार्थियों का चयन वैकल्पिक, वर्णनात्मक और व्यक्तिगत साक्षात्कार के माध्यम से होगा। ब्यूरो