कज्जाकपुरा स्थित अतिसंवेदनशील क्षेत्र लाटभैरव मन्दिर के पास रविवार की सुबह उस समय हड़कम्प मच गया, जब सुबह मन्दिर के पीछे जानवरों की भारी तादाद में हड्डियां व खोपड़ी मिलने से एक वर्ग के लोगों में तनाव व्याप्त हो गया।
सूचना पर तत्काल पहुंची आदमपुर थाने की पुलिस द्वारा धार्मिक स्थल से हड्डियां व खोपड़ी हटवाया गया। धार्मिक स्थल पर भारी संख्या जुटे लोग अराजकता फैलाने वालों के विरुद्ध पुलिस से कार्रवाई की मांग पर अड़े थे।
आदमपुर एसओ राजीव सिंह व लाटभैरव चौकी इंचार्ज देवी शरण यादव ने कहा कि मामले की जांच की जा रही हैं, अराजकता फैलाने वालों को कतई बख्सा नहीं जाएगा। रविवार की सुबह बजरंग दल के महानगर संयोजक निखिल त्रिपाठी लाटभैरव मंदिर पर दर्शन पूजन करने पहुंचे थे।
उसी समय सूचना मिलने पर मन्दिर के पीछे जाकर देखा तो अवैध रूप से बसे बस्ती में एक झोपड़ी में जानवरों की भारी तादाद में खोपड़ी व हड्डियां पड़ी हुई थी। बजरंग दल वालों का आरोप था ये हड्डियां व खोपड़ी गाय की है।
पुलिस प्रशासन के अधिकारियों ने कहा जांच की जा रही हैं। इलाकों में दो समुदायों के बीच तनाव को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था सख्त कर दी गई है। बता दें लाटभैरव क्षेत्र इससे पहले भी कई बार दंगो की चपेट में आ चुका है।