बीएचयू आयुर्वेद संकाय के प्रमुख प्रो. केएन द्विवेदी ने कहा कि तीन जनवरी 2023 को अधीक्षक ने लाइसेंस नवीनीकरण से संबंधित पत्र भेजा है। जानकारी दी है कि अगस्त 2021 से फार्मेसी का नवीनीकरण नहीं हुआ है। फार्मेसी संचालन की जिम्मेदारी आईएमएस निदेशक पर होती है। उनको वस्तुस्थिति से अवगत कराया जा चुका है।
31 दिसंबर 2016 को खत्म हो चुका लाइसेंस
निदेशक (आयुर्वेद सेवाएं) डॉ. पीसी सक्सेना ने कहा कि बीएचयू आयुर्वेद फार्मेसी का लाइसेंस 31 दिसंबर 2016 को खत्म हो चुका है। इसके बाद से अब तक नवीनीकरण नहीं हुआ। जीएमपी यानी गुड मैन्युफैक्चिरंग प्रोडक्ट का प्रमाण पत्र भी 31 अगस्त 2015 से पांच साल के लिए जारी किया गया था। इन दोनों मामलों से संकाय प्रमुख को अवगत कराया जा चुका है। -
फार्मेसी के लाइसेंस नवीनीकरण के लिए 2017 से 2020 तक कई बार पत्र भेजा है। प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिल पाई। नियमानुसार बिना लाइसेंस नवीनीकरण के दवाएं बनाई व बेची नहीं जा सकती हैं। - प्रो. यामिनी भूषण त्रिपाठी, पूर्व संकाय प्रमुख आयुर्वेद संकाय, बीएचयू
2021 में जो आपत्तियां लगाई गई थीं, उसका निस्तारण करते हुए औपचारिकताएं पूरी कराई जा चुकी हैं। लखनऊ निदेशक कार्यालय को रिपोर्ट भी भेजी जा चुकी है। जल्द ही नवीनीकरण होने की संभावना है। - डॉ. भावना द्विवेदी, क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी, वाराणसी