इसलिए भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) से रडार तकनीक से ज्ञानवापी परिसर का पुरातात्विक सर्वेक्षण करा कर स्थिति स्पष्ट कराई जाए। अदालत ने लगभग ढाई घंटे तक दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद प्रकरण की नियमित सुनवाई का आदेश देते हुए अगली तिथि तीन मार्च नियत की।