बाबा बर्फानी के नाम से विख्यात बाबा अमरनाथ के दर्शन यात्रा पर सोमवार की रात हुए आतंकी हमले की घटना में काशी के 250 से अधिक श्रद्धालुओं को किसी तरह का नुकसान नहीं हुआ है। हमले के समय यहां से गए श्रद्धालु बालटाल और अनंतनाग दोनों रास्तों से आगे बढ़ रहे थे।
चंदनबाड़ी और पहलगाम में अमरनाथ यात्रियों के लिए सेवा शिविर लगाने वाले दिलीप सिंह बंटी ने फोन पर काशी के सभी तीर्थयात्रियों के सुरक्षित होने की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि रात को सभी तीर्थयत्रियों को सुरक्षित स्थानों पर रोक दिया गया है।
उधर, हमले की घटना को देखते हुए अपर पुलिस महानिदेशक ने जोन के 10 जिलों के पुलिस अधीक्षकों को विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश दिया है। वहीं मुगलसराय स्टेशन पर पुलिसकर्मियों ने जांच पड़ताल की।
एडीजी ने कहा है कि भीड़भाड़ वाले सार्वजनिक स्थानों पर रोजाना औचक तलाशी अभियान चलाया जाए। संदिग्ध प्रतीत होने पर वाहनों की चेकिंग में किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरती जाए। गौरतलब है कि खुफिया एजेंसियों ने पहले से आगाह कर रखा है कि कांवरियों के जत्थे में आतंकी उनकी वेशभूषा में शामिल होकर गड़बड़ी कर सकते हैं।
अपर पुलिस महानिदेशक जोन बी महापात्रा ने सोमवार की रात अमर उजाला को बताया कि सावन मेले के मद्देनजर सभी स्तर पर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। कांवरियों के जत्थे और उनके शिविरों के आसपास सादे कपड़ों में पुलिस और पैरामिलिट्री फोर्स के जवानों को तैनात किया गया है।
गंगा में जल पुलिस, पीएसी, बाढ़ राहत दल, और एनडीआरएफ के जवान तैनात किए गए हैं। जोन के सभी 10 जिलों की स्थानीय अभिसूचना इकाई को सूचना संकलन के लिए हिदायत दी गई है।
गंगा घाटों के किनारे सहित अन्य स्थानों पर स्थित होटल, लाज, धर्मशालाओं और पेइंग गेस्ट हाउस की रोजाना चेकिंग और उनके रजिस्टर के सत्यापन का निर्देश इलाकाई थानेदारों को दिया गया है।