वाराणसी। श्री अग्रसेन कन्या पीजी कॉलेज में बीकॉम, बीएससी, एमएससी और एमकॉम की बैक और श्रेणी सुधार की परीक्षाओं का आयोजन 8 से 12 फरवरी तक कराया जाना है। महाविद्यालय प्रशासन ने बैक पेपर की लिखित परीक्षाओं को मौखिक रूप से कराने का निर्णय लिया है। इस मामले में एडवोकेट गौरव अग्रवाल ने कुलपति से लिखित शिकायत की है कि उक्त निर्णय नियम विरुद्ध है। काशी विद्यापीठ के नियमों की अनदेखी नहीं की जा सकती है। समस्त छात्राओं से बैक एवं श्रेणी सुधार के नाम पर मनमाना परीक्षा शुल्क लिया गया है। महाविद्यालय में पठन-पाठन सामान्य होने पर बैक व श्रेणी सुधार की लिखित परीक्षा को मौखिक परीक्षा के रूप में किस नियम के तहत संचालित करने का नोटिस जारी किया गया है। साथ ही कुलपति से मौखिक परीक्षा को रोककर नियामानुसार परीक्षा कराने की मांग की है।
महाविद्यालय की परीक्षा नियंत्रक डॉ. अर्चना सिंह ने बताया कि निर्णय छात्रहित में लिया गया है। प्रमोट करने के बाद भी जो छात्राएं अनुत्तीर्ण हैं उनके लिए परीक्षा समिति के निर्णय के आधार पर मौखिक परीक्षा कराने का फैसला किया गया है। विश्वविद्यालय प्रशासन का जो निर्देश होगा उसके अनुसार परीक्षा कराई जाएगी। कुलसचिव डॉ. साहब लाल मौर्य का कहना है कि वर्तमान परिस्थिति में लिखित परीक्षा को मौखिक में नहीं बदला जा सकता है। यह नियम के विरुद्ध है।