बाबतपुर एयरपोर्ट पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी के विमान उतरने से जुड़े विवाद में प्रशासन का रुख सख्त हो गया है। मंडलायुक्त कौशल राज शर्मा ने कहा है कि विमान न आने की सूचना पहले ही आ गई थी, फिर विवाद बढ़ाया गया। मामले में अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। दूसरी तरफ, एयरपोर्ट निदेशक आर्यमा सान्याल ने भी वीडियो संदेश जारी करके स्थिति साफ की है। निदेशक ने कहा कि ऑपरेटर ने राहुल गांधी के विमान न आने की सूचना पहले ही दी थी। इस मामले में बेवजह ही तूल दिया गया।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी को सोमवार की रात विशेष विमान से लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट बाबतपुर पर आने वाले थे। उन्हें सड़क मार्ग से प्रयागराज जाना था। इसी बीच विशेष विमान न आने की सूचना आ गई। इसके तत्काल बाद ही कांग्रेस नेता अजय राय ने आरोप लगा दिया कि राहुल गांधी के विमान को जानबूझकर नहीं उतरने दिया गया। एयरपोर्ट प्रशासन सरकार के इशारे पर काम कर रहा है। इससे विवाद बढ़ गया। हालांकि, एयरपोर्ट निदेशक ने सोमवार की देर रात ही स्थिति साफ कर दी थी। लिखित बयान जारी किया था कि राहुल गांधी के विमान का नहीं आना था। आने का कार्यक्रम पहले ही निरस्त हो गया था। इस मामले का संज्ञान अब मंडलायुक्त ने भी लिया है। मंडलायुक्त ने मामले में नाराजगी जताई और कहा कि राहुल गांधी के विमान के ऑपरेटर मेसर्स एआर एयरवेज की ओर से 13 फरवरी की रात 9:12 बजे और फिर 9:15 बजे एयरपोर्ट अथॉरिटी सूचना दी गई थी। बताया गया था कि विमान वाराणसी नहीं आएगा। सीधे दिल्ली जाने की मौखिक और लिखित सूचना दी गई। विमान ऑपरेटर ने ही वाराणसी की लैंडिंग निरस्त होने की जानकारी दी। एयरपोर्ट अथॉरिटी अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ साक्ष्य जुटा रहा है। इस मामले में कानूनी कार्रवाई की जाएगी।