बीएचयू के संबोधि सभागार में 10 दिन की कार्यशाला हुई। बृहस्पतिवार को आंतरिक लेखा अधिकारी उदय शंकर उपाध्याय ने थीसिस में श्रीराम चरित मानस के बारे में जानकारियां दीं। कहा कि ग्रंथ गाने की चीज है और हमें अपनी मां को याद करते हुए रिसर्च को सफल बनाना चाहिए, क्योंकि मां अस्तित्व की देवी है और हमारी प्रथम पाठशाला। बीएचयू के राजनीति विभाग और भारतीय सामाजिक विज्ञान शोध परिषद की ओर से कराई गई इस कार्यशाला में देश भर के 35 शोध छात्र मौजूद रहे।