मादक पदार्थ की तस्करी मामले में बृहस्पतिवार को अपर सत्र न्यायाधीश (चतुर्दश) अनुरोध मिश्र की अदालत ने अभियुक्त राजेंद्र प्रसाद को दोषी पाते हुए दस साल के कठोर कारावास व एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।
अभियोजन अधिकारी उदय बहादुर सिंह के अनुसार अधीक्षक नारकोटिक्स आयुक्त, लखनऊ के निर्देश पर केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो, गाजीपुर के निरीक्षक एके मिश्र को नशीले पदार्थ की तस्करी के मामले की जांच सौंपी गई थी। जांच के दौरान निरीक्षक एके मिश्र को सूचना मिली कि तस्करों ने मिर्जामुराद क्षेत्र में नशीले पदार्थों का गोदाम बना रखा है।