वाराणसी। मदरसा बोर्ड ने पुराने सिलेबस की परीक्षा की तारीख तो घोषित कर दी है लेकिन अभी तक इसकी तैयारियां शुरू ही नहीं हुईं। केंद्र के बारे में कोई सूचना न मिलने से लगभग डेढ़ हजार परीक्षार्थी काफी परेशान हैं। पुराने केंद्र व्यवस्थापकों को भी इसकी जानकारी नहीं दी गई है। परीक्षा शुरू होने में महज तीन दिन बाकी रह गए हैं पर अभी तक इस बात को लेकर भ्रम बना हुआ है कि पुराने केंद्र ही रहेंगे या फिर नए केंद्र बनाए जाएंगे। इसके चलते मदरसा प्रबंधन और जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी कार्यालय में ऊहापोह की स्थिति है।
जून में हुई 2012 की उर्दू बोर्ड परीक्षा नए सिलेबस के आधार पर कराई गई थी। तब कहा गया था कि पुराने सिलेबस वाले परीक्षार्थियों की परीक्षा जुलाई में होगी। लेकिन, बोर्ड की लापरवाही के चलते जुलाई में परीक्षा नहीं हो पाई। अक्तूबर के मध्य में बोर्ड ने सात नवंबर से परीक्षा की तारीख तय की थी। बाद में कहा गया कि परीक्षा 17 नवंबर से होगी। मगर परीक्षा की तैयारी के लिए दिशा निर्देश नहीं जारी किए गए। परीक्षार्थियों को अभी तक न तो परीक्षा केंद्र की जानकारी है और न ही टाइम टेबिल की। प्रभारी जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी जयशंकर राय का कहना है कि बोर्ड से अभी तक कोई आदेश नहीं मिला है।