भदोही। विद्युत वितरण व्यवस्था के निजीकरण के विरोध में शनिवार को राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर्स संगठन, विद्युत मजदूर पंचायत और विद्युत तकनीकी एकता संघ के सदस्यों ने कार्य बहिष्कार कर सिविल लाइन स्थित विद्युत विभाग कार्यालय पर धरना प्रदर्शन किया। वक्ताओं ने कहा कि यदि सरकार ने अपना फैसला नहीं बदला तो व्यापक पैमाने पर आंदोलन किया जाएगा।
वक्ताओं ने कहा कि विद्युत व्यवस्था निजी हांथो में देकर सरकार कर्मचारियों के हितों की अनदेखी कर रही है। इस प्रस्ताव को वापस लेने की मांग की। बताया कि फिलहाल बरेली, मेरठ, वाराणसी, लखनऊ व मुरादाबाद के निजीकरण का प्रस्ताव है। टाऊन एसडीओ गोविंद प्रसाद ने कहा कि अभी हम दोपहर 2 बजे से 5 बजे तक कार्य बहिष्कार कर रहे हैं। यदि सरकार ने हमारे हितों का ख्याल नहीं किया तो 27 मार्च से पूर्ण रुपेण कार्य बहिष्कार शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि निजीकरण आम उपभोक्ताओं के जनरिए से भी ठीक नहीं है। इसे वापस लिया जाना चाहिए। धरना को
विद्युत मजदूर पंचायत के जिलाध्यक्ष मुराद अली ने भी संबोधित किया। एके श्रीवास्तव, मितरंजन सिंह, सुनील यादव, धमेंद्र गुप्ता, एसडी यादव, माधो द्विवेदी, विनोद यादव, राजकुमार सिंह, मो.नसीम, संतोष श्रीवास्तव, शीतला प्रसाद, संजय सिंह, दीपक कुमार, ध्रूव कुमार, शैलेंद्र मौर्य, आरबी भारती, विजय शंकर भारती, लक्ष्मी यादव, राम किशन, राजेश मिश्र, मो.बशीर, रामानंद कुशवाहा, अभिषेक प्रजापति आदि शामिल रहे।