वाराणसी। दालमंडी प्रकरण के बाद अवैध निर्माण के मामलों में सक्रिय वीडीए अब हर दिन कार्रवाई करने लगा है। मंगलवार को यह सिलसिला जारी रखते हुए वीडीए की टीम ने दो और अवैध निर्माण सील कर दिए। दोनों अवैध निर्माण स्थल सील कर क्षेत्रीय थानों की अभिरक्षा में दे दिए हैं।
जोनल अधिकारी गोपाल कृष्णा के नेतृत्व में मंगलवार को निकली टीम ने देखा कि सूजाबाद पड़ाव मुगलसराय में सरोज नाविक ने बगैर नक्शा स्वीकृत कराए भूतल का निर्माण कराया था। इसी प्रकार लखमीपुर में प्रेम सिंह ने अवैध बेसमेंट और प्रथम दल बनवा लिया था। दोनों निर्माणों को सील कर दिया गया है। इस बीच दालमंडी प्रकरण सामने आने के बावजूद पॉश इलाकों में बहुमंजिली इमारतों में पांच मंजिल का नक्शा पास कराके छह से सात मंजिल बनाने का खेल जारी है। महमूरगंज, सिगरा, लक्सा, गोदौलिया, चौक, लंका, कचहरी, रोहनिया, मुगलसराय, लोहता और चांदपुर में बनाए गए मल्टी स्टोरी अपार्टमेंट की दो से तीन मंजिल अवैध हैं।
बिल्डर राजेश कुमार का कहना है कि जो लोग वैध तरीके से अपार्टमेंट बनाकर बेच रहे हैं, उनकी कीमत अधिक है। जो अवैध तरीके से अपार्टमेंट बनाकर बेच रहे हैं, उनकी कीमत कम है। समाजसेवी आरएस कुशवाहा ने कहा कि निर्माण होने के बाद नोटिस देने और फिर उसे वैध करने का खेल जब तक नहीं रुकेगा, तब तक अवैध निर्माण होते रहेंगे।
उधर, दालमंडी व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने इसी मामले को लेकर आईजी दीपक रतन और सीओ दशाश्वमेध से मुलाकात की। बताया, दालमंडी प्रकरण से शहर की छवि खराब हो रही है। सोमवार को व्यापारी नेता बदरूद्दीन अहमद की अध्यक्षता में बनाए गए व्यापार मंडल में पार्षद मोहम्मद सलीम को अध्यक्ष तथा महामंत्री शाहनवाज खान को चुना गया है।