लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के विस्तारीकरण के लिए 65 किसानों ने 6.3 हेक्टेयर जमीन का बैनामा कर दिया है। हालांकि अब तक किसानों को मुआवजे की धनराशि नहीं मिल पाई है। यही कारण है कि बैनामे के लिए किसान रुचि नहीं ले रहे हैं। अब जिला प्रशासन गांवों में कैंप लगाकर किसानों से बैनामे की प्रक्रिया पूरी कराने की योजना बना रहा है।
दरअसल, एयरपोर्ट के नए टर्मिनल भवन और रनवे विस्तार के लिए 290 एकड़ जमीन चिह्नित की गई है। इन जमीनों के लिए 5955 किसानों से जमीन का बैनामा किया जाना है। अक्तूबर के पहले सप्ताह से ही किसानों से सहमति के आधार पर रजिस्ट्री की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। मगर, भुगतान की प्रक्रिया शुरू नहीं होने के कारण किसान जमीन का बैनामा करने में रुचि नहीं दिखा रहे हैं।
एयरपोर्ट के पास सगुनहा, घमहापुर, करमी, बैकुंठपुर, पुरा रघुनाथपुर और बसनी गांवों की जमीन चिह्नित की गई है। इसमें 109 एकड़ में रनवे का विस्तार और 181 एकड़ जमीन पर नए टर्मिनल भवन का निर्माण प्रस्तावित है। रनवे विस्तार के लिए पुरा रघुनाथपुर व बसनी में 109 एकड़ जमीन ली जाएगी। टर्मिनल भवन सहित अन्य सुविधाओं के लिए घमहापुर, धरमनपुर, सगुनहा, बैकुंठपुर कर्मी और मंगारी से 181 एकड़ जमीन ली जाएगी। अपर जिलाधिकारी प्रशासन विनय कुमार ने बताया कि भूमि अध्याप्ति अधिकारी के तबादले के कारण भुगतान में देरी हुई है। मगर, सभी फाइल तैयार करा ली गई हैं। सोमवार तक सभी बैनामों का निर्धारित मुआवजा बैंक खाते में स्थानांतरित कर दिया जाएगा।