वाराणसी। महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के शुक्रवार को हुए छात्रसंघ चुनाव में जमकर बवाल हुआ। अध्यक्ष पद के दो उम्मीदवारों के समर्थकों में टकराव के बाद विवाद बढ़ा और फिर देखते ही देखते भारत माता मंदिर से इंग्लिशिया लाइन चौराहे तक मारपीट-पथराव से अफरातफरी मच गई। पुलिस ने लाठियां भांजकर उपद्रवियों को खदेड़ने की कोशिश की लेकिन मारपीट और हंगामे का सिलसिला नहीं थमा। अलग-अलग जगहों पर कई बार दोनों गुटों के समर्थकों में झड़प हुई। उपद्रवियों के पथराव में कई छात्रों को चोटें आईं। दर्जन भर से अधिक वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। उपद्रवियों ने बैंक और कोचिंग संस्थान पर भी पथराव किया। दोनों गुटों ने एक-दूसरे के खिलाफ मारपीट और धमकी का आरोप लगाते हुए सिगरा थाने में तहरीर दी है। देर शाम तक मुकदमा दर्ज नहीं हुआ था।
भारीभरकम पुलिस फोर्स की निगरानी के बीच हुए छात्रसंघ चुनाव में सुबह 11 बजे तक शांतिपूर्ण वोटिंग हुई। करीब साढ़े ग्यारह बजे घंटी मील चौराहे के पास अध्यक्ष पद के प्रत्याशी राहुल दुबे और वाल्मिकी उपाध्याय के समर्थक भिड़ गए। यहां राहुल दुबे के समर्थकों ने वाल्मिकी के एक समर्थक की पिटाई कर दी। पुलिस ने बीच-बचाव कर मामला संभाला लेकिन थोड़ी ही देर बाद इंग्लिशिया लाइन चौराहे पर दोनों के समर्थक आपस में भिड़ गए। सवा एक बजे के करीब मानविकी संकाय के बाहर विद्यापीठ रोड पर फिर दोनों गुटों के समर्थकों के आमने-सामने आने से स्थिति बेकाबू हो गई। पुलिस ने लाठी भांजकर किसी तरह उन्हें खदेड़ा। इस पर उपद्रवियों ने पथराव कर दिया। अभी पुलिस यहां माहौल शांत कराने में जुटी थी कि उधर, वाल्मिकी गुट के समर्थकों ने अन्नपूर्णा नगर स्थित राहुल दुबे के चुनाव कार्यालय के पास खड़े समर्थकों पर पथराव कर दिया। फिर दोनों ही तरफ से जमकर ईंट-पत्थर चलाए गए। दर्जन भर गाड़ियों को क्षतिग्रस्त कर दिया गया। यहां एक बैंक और कोचिंग संस्थान पर भी पथराव किया गया। उपद्रवियों पर काबू पाने के लिए पुलिस ने जमकर लाठियां भांजीं। चुनाव के मद्देनजर पहले ही इस रूट को ब्लॉक कर दिया गया था, बावजूद इसके पथराव और मारपीट से राहगीरों, कॉलोनीवासियों और दुकानदारों में दहशत फैली रही। मामले में एबीवीपी की तरफ से सुधीर सिंह और समाजवादी छात्र सभा की तरफ से वीरेंद्र प्रताप सिंह ने एक-दूसरे पर मारपीट, धमकी का आरोप लगाते हुए सिगरा थाने में तहरीर दी है।