काशी विश्वनाथ धाम में 58 स्टेनलेस स्टील वायु शुद्धिकरण इकाइयां लगेंगी। इसके जरिये मणिकर्णिका घाट से निकलने वाले प्रदूषण को कम करना, मंदिर परिसर में वायु गुणवत्ता सुधारना और श्रद्धालुओं के लिए स्वस्थ वातावरण सुनिश्चित करना है।
विश्वनाथ धाम रैंप भवन और मणिकर्णिका घाट क्षेत्र में उन्नत वायु शुद्धिकरण प्रणाली स्थापित करने की घोषणा की गई है। मंदिर सीईओ विश्वभूषण मिश्र के साथ बैठक कर इसका फैसला लिया गया।
विज्ञापन
सीएसआर के तहत जिंदल स्टेनलेस ने अमीदा क्लीनटेक के साथ मिलकर संजीवन पहल चलाने का फैसला किया है। इसके तहत 58 स्टेनलेस स्टील वायु शुद्धिकरण इकाइयां लगाई जाएंगी। इनकी कुल क्षमता 3 लाख घन मीटर प्रति घंटे से अधिक होगी।
यह तकनीक धुएं, सूक्ष्म कणों, जहरीली गैसों और सूक्ष्मजीवों को निष्क्रिय करने में सक्षम है। इसके जरिये मणिकर्णिका घाट से निकलने वाले प्रदूषण को कम करना, मंदिर परिसर में वायु गुणवत्ता सुधारना और श्रद्धालुओं व स्थानीय निवासियों के लिए स्वस्थ वातावरण सुनिश्चित करना है।