वाराणसी। डीजल रेल इंजन कारखाना में दर्जनों लोग डेंगू की चपेट में आ गए हैं। यूनियन नेताओं के साथ-साथ अधिकारियों व कर्मचारियों को डेंगू बुखार हो गया है। लोगों का कहना है कि इसका कारण गंदगी व जल जमाव है। लोगों ने फागिंग व्यवस्था पर भी सवाल उठाए।
डीरेका प्रशासन जनता की आस्था और सुविधा से जुड़े छठ पूजा, पटाखे की दुकान जैसे मुद्दों को लेकर नए-नए फरमान जारी करने में लगा हुआ है। वहीं दूसरी ओर बुनियादी सुविधाओं की हालत खस्ता है। परिसर में तेजी से डेंगू फैल रहा है। कर्मचारी परिषद के संयुक्त सचिव बीडी दुबे व उनकी पत्नी, डीएलडब्लू मजदूर संघ के महामंत्री कृष्ण मोहन तिवारी और उनका भतीजा, भारतीय रेलवे मजदूर संघ के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य अविनाश पाठक के दोनों बच्चे और बहने सहित कई नेता और उनके परिजन डेंगू के शिकार हैं। इसी प्रकार कर्मचारी परिषद के सदस्य इजमामुल हक की प्लेटलेट्स ज्यादा कम होने पर हेरिटेज रेफर कर दिया गया। 11 नवंबर को उनकी लड़की की शादी है। कई अधिकारी और उनके परिजन भी इसकी चपेट में आए हैं। डेंगू का शिकार होने वाले कर्मचारियों की लंबी फेहरिस्त है। लगातार लोग डेंगू की चपेट में आ रहे हैं। वहीं दूसरी ओर डीरेका प्रशासन हाथ पर हाथ धरे बैठा हुआ है।