वाराणसी। श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के रेड जोन में फर्जी पास के साथ पकड़े गए नेपाल निवासी ध्रुव के खिलाफ मंगलवार की रात चौक थाने में धोखाधड़ी सहित अन्य आरोपों में मुकदमा दर्ज किया गया। फर्जी पास को लेकर विश्वनाथ मंदिर प्रशासन की ओर से पहली बार कड़ी कार्रवाई कराई गई है।
नेपाल निवासी ध्रुव संस्कृत का विद्यार्थी है और सोमवार को वो अन्नपूर्णा मंदिर के बाहर मोबाइल से बात कर रहा था। इसी दौरान सुरक्षा व्यवस्था में तैनात जवान की नजर उस पर पड़ी तो उसने ध्रुव को पकड़ कर स्थानीय लोगों से पूछा कि क्या रेडजोन में उसका घर या दुकान है। पता लगा कि ऐसी कोई बात नही तो उसे चौक थाने के हवाले कर दिया गया। पूछताछ में ध्रुव ने बताया कि तीन साल पहले उससे पैसा लेकर किसी ने पास बनवाया था। उसे नहीं पता था कि पास फर्जी है। ध्रुव के अनुसार पास बनाने वाले का नाम वो नहीं जानता लेकिन उसे देखते ही पहचान लेगा। ध्रुव का नाम-पता सहित अन्य विवरण लेकर पुलिस ने उसे छोड़ दिया था। इस संबंध में इंस्पेक्टर चौक ने बताया कि प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। मंदिर प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों ने अब तक आवंटित सारे पास का सत्यापन कराने का निर्णय लिया है।